2.भगवान का गर्भ ग्रह प्रवेश और देवताओं द्वारा गर्भ स्तुति3. भगवान श्री कृष्ण का प्राकट्य।
4. कंस के हाथ से छूटकर जोगमाया का आकाश में जाकर भविष्यवाणी करना।
5. गोकुल में भगवान का जन्म महोत्सव।
6. पूतना उद्धार।
7. संकट भंजन और तृणावर्त उद्धार।
8. नामकरण संस्कार और बाल लीला.
9. श्री कृष्ण का उखल से बांधा जाना।
10. यमलार्जुन का उद्धार।
11. गोकुल से वृंदावन जाना तथा व ससुर और बकासुर का उद्धार.
12. अघासुर का उद्धार.
13. ब्रह्मा जी का मोहऔर उसका नाश.
14. ब्रह्मा जी के द्वारा भगवान की स्तुति.
15.धेनुकासुर का उद्धार और ग्वाल बालों को कालिया नाग के विषयसे बचाना.
Comments
Post a Comment